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*कौशांबी के पॉलिटेक्निक कॉलेज में अव्यवस्थाओं की परतें उजागर, छात्रों ने खोली अतातायियों की पोल*

कौशाम्बी

*कौशांबी के पॉलिटेक्निक कॉलेज में अव्यवस्थाओं की परतें उजागर, छात्रों ने खोली अतातायियों की पोल*

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जिम्मेदार अधिकारी अब भी मौन, सिस्टम में गहरे छेद उजागर

कौशांबी (उत्तर प्रदेश)।
कौशांबी जनपद स्थित एक पॉलिटेक्निक कॉलेज में लंबे समय से चल रही अनियमितताओं और कथित मनमानी का मामला अब खुलकर सामने आ गया है। कॉलेज में अध्ययनरत छात्रों ने खुलासा किया है कि संस्थान में कुछ अतातायी तत्वों द्वारा शैक्षणिक व्यवस्था को नुकसान पहुंचाया जा रहा है, जबकि जिम्मेदार अधिकारी और प्रबंधन इस पूरे मामले पर चुप्पी साधे हुए हैं।
छात्रों का आरोप है कि कॉलेज में न तो नियमित रूप से कक्षाएं संचालित की जा रही हैं और न ही प्रयोगशालाओं, शिक्षकों व बुनियादी सुविधाओं की स्थिति संतोषजनक है। इसके बावजूद रिकॉर्ड में सब कुछ दुरुस्त दिखाया जा रहा है। छात्रों ने यह भी दावा किया कि शिकायत करने पर उन्हें दबाव में लेने और चुप रहने के लिए मजबूर किया जाता है।
छात्रों में आक्रोश, भविष्य को लेकर चिंता
कॉलेज में फैली अव्यवस्थाओं को लेकर छात्रों में भारी आक्रोश है। उनका कहना है कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो उनके करियर पर गंभीर असर पड़ सकता है। छात्रों ने मांग की है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई हो।
प्रशासन की चुप्पी पर सवाल
हैरानी की बात यह है कि इतने गंभीर आरोपों के बावजूद अब तक कॉलेज प्रशासन और संबंधित विभाग के अधिकारियों की ओर से कोई स्पष्ट बयान सामने नहीं आया है। यह चुप्पी न केवल सवाल खड़े करती है, बल्कि प्रदेश की तकनीकी शिक्षा व्यवस्था में मौजूद गहरे छेदों को भी उजागर करती है।
सिस्टम फेल होने के संकेत
यह मामला सिर्फ एक कॉलेज तक सीमित नहीं माना जा रहा, बल्कि यह उत्तर प्रदेश की तकनीकी शिक्षा प्रणाली में व्याप्त लापरवाही और निगरानी की कमी की ओर भी इशारा करता है। यदि समय रहते ठोस कदम नहीं उठाए गए, तो ऐसे संस्थान छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करते रहेंगे।
अब देखना यह होगा कि प्रशासन इस खुलासे को कितनी गंभीरता से लेता है और क्या वास्तव में दोषियों पर कार्रवाई कर सिस्टम को सुधारने की दिशा में कोई कदम उठाया जाता है या नहीं।

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