*कौशांबी: सांसद निधि से बनी नाली बनी मुसीबत, सड़क से एक फीट ऊंची निर्माण पर ग्रामीण बेहाल, जलभराव से गांव बना तालाब*
कौशाम्बी
*कौशांबी: सांसद निधि से बनी नाली बनी मुसीबत, सड़क से एक फीट ऊंची निर्माण पर ग्रामीण बेहाल, जलभराव से गांव बना तालाब*
कौशांबी। नेवादा ब्लॉक के नंदा का पुरवा गांव में विकास कार्यों की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि वर्ष 2024 में सांसद निधि से बनाई गई नाली सड़क के स्तर से लगभग एक फीट ऊंची बना दी गई, जिसके कारण सड़कें नीचे और नाली ऊपर हो गई है। नतीजतन बारिश का पानी निकलने के बजाय सड़कों पर भर रहा है और पूरे गांव में जलभराव की समस्या बनी हुई है। कई जगह सड़कें तालाब जैसी दिखाई दे रही हैं।
बरसात के दौरान हालात और अधिक खराब हो जाते हैं। ग्रामीणों को रोजमर्रा के आवागमन में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। बच्चों का स्कूल जाना और लोगों का बाजार व अन्य जरूरी कार्यों के लिए निकलना मुश्किल हो गया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि जलभराव के कारण दुर्घटनाओं का भी खतरा बना रहता है।
इस मामले में पंचायत सचिव का कहना है कि नाली का निर्माण गलत स्तर पर हो गया है, जिसके चलते इंटरलॉकिंग दिखाई नहीं दे रही है। इसी वजह से सड़कों पर मिट्टी और ईंट की रविश डलवाई गई है। ग्राम प्रधान ने भी इसी तरह की बात कही है। वहीं कई ग्रामीण अपने घरों के सामने स्वयं भराई करा रहे हैं, जिससे समस्या और जटिल होती जा रही है।
अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि सांसद निधि से हुए इस निर्माण कार्य में हुई कथित लापरवाही का जिम्मेदार कौन है? यदि निर्माण में तकनीकी खामियां या अनियमितताएं हुई हैं तो उनकी निष्पक्ष जांच कर जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए। फिलहाल ग्रामीण प्रशासन से शीघ्र समाधान और उच्चस्तरीय जांच की मांग कर रहे हैं।
नोट: निर्माण में भ्रष्टाचार या अनियमितता के आरोपों की आधिकारिक पुष्टि फिलहाल नहीं हुई है। मामले की निष्पक्ष जांच के बाद ही अंतिम तथ्य स्पष्ट हो सकेंगे। पूरी खबर के लिए पेज फॉलो करें और अपनी राय कमेंट में जरूर दें।
खबर पढ़ने के लिए कृपया लिंक पर क्लिक करें


